हरिद्वार , दान की राशि में हेरा फेरी के लिए तो हरिद्वार में स्थित मां मनसा देवी का मंदिर भी हमेशा ही चर्चाओं में रहा है।
इस मंदिर पर दान के रूप मे श्रद्धालु धनराशि सोना चांदी हीरे जवाहरात तक चढ़ाते हैं। जिनकी रखवाली का काम भी एक ट्रस्टी अनिल शर्मा के ही सुपुर्द चला आ रहा है। पहले तो अनिल शर्मा मंदिर पर चढ़ाए जाने वाले नारियलों का भी कारोबार करते थे, लेकिन एक माह पूर्व इस कारोबार को मंशा देवी मंदिर ट्रस्ट के अध्यक्ष रविन्द्र पुरी जी ने बन्द करा देने की बात कही थी लेकिन नारियल अभी भी मंदिर पर पहुंच रहे है।
तीर्थ नगरी हरिद्वार में स्थित माँ मनसा देवी का मंदिर पूरे देश में अपनी पहचान रखता है, हरिद्वार आने वाले अधिकांश श्रद्धालु मां मनसा देवी के दर्शनों के लिए शिवालिक पर्वतमाला की चोटी पर बसे मां मनसा देवी के मंदिर के दर्शनार्थ जरूर जाते हैं। और जो श्रद्धालु मां के दर्शनों के लिए जाते हैं ।
वह दान के रूप में धनराशि सोना चांदी वह अन्य भी कई प्रकार की चीज मां के दरबार में अर्पित कर देते हैं, कुछ लोग तो इस तरीके के भी आते हैं जो अपना सारा कुछ जीवन की पूंजी या जीवन की कमाई वह सब मां के दरबार में अर्पित कर जाते हैं। इस सबका रखरखाव ट्रस्टी अनिल शर्मा जी के पास है।

अनिल शर्मा
अनिल शर्मा जी भी मनसा देवी मंदिर के ट्रस्टी बनने से पूर्व थ्री व्हीलर चलाया करते थे, ट्रस्ट के अध्यक्ष रविन्द्र पुरी जी को अनिल शर्मा में पता नही क्या काबलियत नजर आई के अनिल शर्मा मनसा देवी ट्रस्ट के ट्रस्टी बना दिये गए ।
आज मां मनसा देवी की ऐसी कृपा है ,कि अनिल शर्मा की अपनी कोठी अवधूत मण्डल के सामने कालोनी में बन रही है, गाड़ी है कुछ बैंक बैलेंस भी होगा , और भी कई संपत्तियां उनके या उनके परिवार के नाम से मौजूद हैं, बिना किसी वेतन के कार्य करने वाले अनिल शर्मा जी के पास यह धनराशि माता की अनुकंपा से ही आई है, या किसी और तरीके से माल हाथ लगा है।
अनेक बार इस मंदिर के अधिग्रहण की आवाज़ भी स्थानीय लोगों द्वारा उठाई जा चुकी है। लेकिन अभी तक सरकार ने इस ओर कोई ध्यान नहीं दिया है, हरिद्वार शहर के ही तमाम लोग चाहते हैं कि इस मंदिर का मां वैष्णो देवी की तर्ज पर अधिग्रहण कर मंदिर का कायाकल्प किया जाए।
जिससे यहां आने वाले श्रद्धालुओं को काफी सुविधा तो होगी ही साथ ही वे जो भी चढ़ावा मां के दरबार में चढ़ाएंगे इसकी बाकायदा रसीद भी उनको प्राप्त होगी।

महंत रविन्द्र पुरी जी
हालांकि मनसा देवी के हरिद्वार स्थित मंदिर पर भी दान देने वालों के लिए एक बाकायदा कार्यालय भी ऊपर खुला हुआ है। और वहां भी रसीद काटने की परंपरा है, लेकिन इस कार्यालय में कुछ ही लोग रसीद कटवा पाते हैं, क्योंकि अधिकांश लोग कार्यालय की तरफ कम देखते हैं ,और सीधे मां के दरबार में मां के दर्शन कर जो उनसे बन पड़ता है।
वह मां के चरणों में अर्पित कर अपने अपने शहरों और कस्बों की ओर प्रस्थान कर जाते हैं, जिसका फायदा यहां पर दान की राशि की देखरेख करने वाले खुलकर उठाते हैं।
लेकिन मनसा देवी मंदिर ट्रस्ट के अध्यक्ष महंत रविन्द्र पुरी जी मंदिर की व्यवस्था को अति उत्तम बताते हैं ,इसके पीछे क्या कारण है यह तो अनिल शर्मा व महंत रवींद्र पुरी जी ही बेहतर जानते होंगे। लेकिन मंदिर पर काम करने वाले तमाम कर्मचारियों में काना फूसी तो होती ही रहती है। जिसमें साफ-साफ सुनाई पड़ता है, की दाल में जबरदस्त काला है,
हो सकता है अब सीसीटीवी कैमरे लग जाने के बाद कुछ सुधार हुआ हो ,लेकिन फिर भी कहां-कहां से बचाव होगा, यह कह पाना मुश्किल है।
तमाम सीसीटीवी कैमरे व पानी की व्यवस्था के साथ-साथ एक पुलिस चौकी की स्थापना भी जिलाधिकारी मयूर दीक्षित व पूर्व वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक प्रमेन्द्र डोबाल के प्रयासों से मनसा देवी मंदिर पर हो गई है।
