देहरादून, नरेश गुप्ता,
देश में अब शायद क्रांति आनी शुरू हो गई है भ्रष्टाचार, चारसौ बीसी फर्जीवाड़ा ,चरण वंदना सत्ता के नशे में चूर देश के दो शीर्ष नेताओं व ब्यूरोक्रेसी ज्यूडिशरी तथा सत्ता के तलवे चाटने वाले पत्रकारों के विरुद्ध अब जनता सड़कों पर आ गई है।
इस समय देश के हालात नाजुक दिखाई पड़ रहे हैं ,चारों तरफ जिधर देखो धरने प्रदर्शन भ्रष्टाचारियों के विरुद्ध खुलेआम नारेबाजी न्यायपालिका को भी लपेटे में लेने के साथ-साथ जहां वकील छात्र व्यापारी पत्रकार नेता किसान सड़कों पर दिखाई दे रहे हैं ,यह हालात बताते हैं की स्थिति नाजुक होती जा रही है।

पाप का घड़ा एक दिन तो भरता ही है और लगता है यह घड़ा भर गया है, झूठ फ़रेब थोड़े दिन तो चलता है, लेकिन जब इसकी सच्चाई सामने आती है तो जनता जूते लेकर स्वागत करती है ,जैसा कि हमारे देश के इन आधा दर्जन पत्रकारों के साथ जनता कर रही है ,इन पत्रकारों ने गोदी मीडिया के रूप में सत्ता के तलवे चाट चाट कर करोड़ नहीं अरबों की संपत्ति एकत्र की है।
लेकिन हालत देख लीजिएगा आप इनके किस तरीके से इनका जनता स्वागत कर रही है, अभी दो दिन पूर्व एक न्यूज़ चैनल की डिबेट में एंकर युवा कन्या से सीधे-सीधे डिबेट में पहुंचे गेस्ट ने सरेआम कह दिया कि तुम बीजेपी की कार्यकर्ता हो हमसे सवाल पूछने हैं तो कायदे से पूछो नहीं तो हम यहां से जा रहे हैं, इससे ज्यादा शर्म की और क्या बात होगी,

फर्जी आरोप तो आप किसी पर भी लगा सकते हैं , जिनका वास्तविकता व सच्चाई से दूर दूर तक कोई वास्ता न हो लेकिन उन आरोपों को भी कुछ ही लोग स्वीकार करते हैं, बाकी लोग तो जानते ही हैं की इन आरोपों में कितना दम है।
न्यायपालिका यदि चाहे तो सत्ता को और ब्यूरोक्रेट्स को आइना दिखा सकती है, शायद इस दिशा मे पहल नोएडा की जिलाधिकारी महोदय से शुरू हो गई है ,न्यायपालिका द्वारा मैडम को आईना दिखा दिया गया है ।
मैडम देश के चुनाव आयुक्त ज्ञानेश जी की सुपुत्री हैं नोएडा जैसे मलाईदार जिले में जिलाधिकारी के पद पर कार्य कर रही हैं एक 25 वर्षीय छात्रा को मैडम ने अकारण NSA लगाकर जेल भेज दिया था।

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने जिला अधिकारी महोदया को ऐसा झटका दिया और साफ-साफ आदेश दिए हैं के 5 लाख रु का मुआवजा भी पीड़ित छात्रा को जिलाधिकारी महोदया देंगी ।
शायद जिलाधिकारी महोदय ने सोचा भी नहीं होगा न्यायालय मैडम के खिलाफ ऐसा आदेश देगी जो भविष्य मे भी उनकी सर्विस में उनको मनमर्जी करने की इस सजा के बारे में स्मरण कराता रहेगा।
मैडम तो अपने पिता की हैसियत के कारण नशे में ऐसी चूर थी, कोई भी गलत काम कराना हो किसी को जेल भिजवाना हो किसी का उल्टा सीधा कोई भी काम करना हो मैडम सबके लिए तैयार थीं, क्योंकि नोएडा जैसे मलाईदार जिले की कुर्सी बड़े भाग्य वाले आई ए एस को मिलती है।

ऐसे ही नहीं नोएडा के जिलाधिकारी की कुर्सी पर विराजमान हो जाते हैं, मैडम तो पिताजी के जलवे के कारण नोएडा के जिलाधिकारी की कुर्सी पर विराजमान हो गई थी ,
एक मामला यह हुआ है ऐसे ही और मामले हो जाएं तो देश में भ्रष्टाचार पर अंकुश लग सकता है, न्यायपालिका की हालत भी सभी जानते हैं अब आम जनमानस को ना तो किसी अधिकारी से न किसी कर्मचारी से ना किसी नेता से और ना न्यायपालिका से न्याय की उम्मीद नजर आती है
न्यायपालिका ही एक ऐसी संस्था है जिससे आम जनमानस न्याय की उम्मीद करता है यदि न्यायपालिका इस देश की सुधर जाए और अपने कर्तव्य का पालन करने लगे तो भ्रष्टाचार पर अंकुश लगने में देर नहीं लगेगी।
