ऋषिकेश ।ऋषिकेश का हाई प्रोफाइल बलात्कार प्रकरण उस समय सुर्खियों में आ गया, जब पीड़ित महिला ने ऋषिकेश के सबसे बड़े प्रॉपर्टी डीलर व उद्योगपति मनजीत जौहर व उसके पुत्र मानव जौहर के अलावा मानव के एक मित्र कुशाग्र के विरुद्ध जबरन डरा धमका कर दो वर्ष तक बलात्कार करने का मुकदमा ऋषिकेश थाने में दर्ज कराया।
पुलिस ने भी पीड़िता की शिकायत पर मनजीत जौहर उसके पुत्र मानव जौहर व कुशाग्र के विरुद्ध धारा 376, 506 और 342 के तहत मुकदमा दर्ज कर छोटी मुर्गी कुशाग्र को तुरंत गिरफ्तार कर लिया ,लेकिन मनजीत जौहर व मानव जौहर अभी तक पुलिस की गिरफ्त से बाहर है ।
मामला राज्य महिला आयोग तक भी पहुंच गया है।
यह मामला महिला आयोग तक भी पहुंच चुका है ।महिला आयोग ने भी एसएसपी को इस प्रकरण की जांच के आदेश दे दिए हैं। अब कब पुलिस की जांच आएगी और कब महिला आयोग आरोपियों के विरुद्ध कार्रवाई करने का आदेश देगी यह तो बहुत लंबी प्रक्रिया है।
पुलिस थाने में बैठ कर ,कर रही है पिता पुत्र की प्रतीक्षा।ऋषिकेश से लेकर देहरादून तक हो चुकी है सेटिंग ऐसे में आरोपी पिता पुत्र पर कौन डाले हाथ।

ऋषिकेश में चर्चा है की पुलिस थाने में बैठी इन दोनों पिता पुत्रों की प्रतीक्षा कर रही है कि कब वह आए और कब उनकी गिरफ्तारी दिखाई जाए। ऋषिकेश में यह भी बड़ी चर्चा है कि ऋषिकेश से लेकर देहरादून तक सेटिंग हो चुकी है ,देहरादून के बड़े देवता के दरबार में आरोपियों ने चरण वंदना के लिए हाजरी लगा दी है व प्रसाद भी चढ़ा दिया है।
अब ऐसे में यह बड़े देवता हैं कौन , क्योंकि डीजीपी उत्तराखंड के यहां तो इस तरह के प्रसाद की परम्परा ही नहीं है ।और इस तरीके के उद्योगपतियों के जो खुद आरोपी हो उनका प्रवेश भी वर्जित है ।तो फिर आरोपियों ने किसके दरबार में हाज़री लगाई है।ये बात आरोपी पिता पुत्र ही बेहतर जानते होंगे।
पुलिस आरोपियों को न्यायालय से जमानत करा लेने का दे रही है पूरा मौका।
फिलहाल तो पिता पुत्र की गिरफ्तारी से पुलिस आज तक बच रही है शायद पुलिस इस बात का इंतजार कर रही है की इन पिता पुत्र को न्यायालय से जमानत मिल जाए। और यह मामला लंबे समय तक ठंडे बस्ते में चला जाए । क्योंकि जब ऋषिकेश से लेकर देहरादून तक सेटिंग हो चुकी है तो इन दोनों पर हाथ कौन डालेगा इन पर हाथ डालने का तो सवाली ही पैदा नहीं होता।
पीड़ित महिला से भी किये जा रहे है समझौते के प्रयास, जबकी पीड़िता ने जांच अधिकारी पर आरोपियों से मिले होने की शिकायत की है उच्च अधिकारियों से ।
कुछ लोगों का तो ऋषिकेश में यह भी कहना है कि पीड़ित महिला से भी समझौते के प्रयास किया जा रहे हैं। जबकि पीड़ित महिला ने खुद इस प्रकरण की जांच अधिकारी पर आरोपियों से मिले होने की शिकायत लिखित में पुलिस के उच्च अधिकारियों से की है लेकिन अभी तक भी जांच अधिकारी को बदला नही गया है ।इसलिए महिला को न्याय मिल पाएगा इस बात को लेकर ऋषिकेश शहर के लोगों में शंका बनी हुई है ।

पिता पुत्र की शौकीन मिजाजी के पूरे ऋषि केश में है चर्चे।
ऋषिकेश के लोगों का यह भी मानना है की दोनों पिता पुत्र की काफी शौकीनों में गिनती होती है। आदमी शौकीन तो टेबिल टेनिस , बेड मिंटन बॉलीबॉल गिल्ली डंडे का भी हो सकता है बड़े लोगों में शौक तो होते ही है ,जबकि दो चार लोग यह भी मानते हैं की मनजीत जौहर तो ऐसा कार्य नहीं कर सकते हैं।
लेकिन उनके पुत्र मानव के बारे में तो पूरा शहर जानता है की वह किस प्रवृत्ति का युवक है।देवता है देवता पूजा पाठ में उसकी दिलचस्पी रहती है। पैसा उसके ऊपर सर चढ़कर बोलता है। और ऋषिकेश के सभी पुलिस वालों से उसकी अच्छी साठ गांठ है ।अब यह तो पीड़ित महिला ही जानती होगी कि उसके साथ क्या हुआ है । कहावत है धुआं वही उठता है जहां आग लगी हुई हो ।इस लिए इस मामले में कुछ ना कुछ तो जरूर हुआ है।
पुलिस की निगाह में पिता पुत्र गायब है, ऋषि केश के कुछ निचले स्तर के पुलिस कर्मचारी भी इस ड्रामे को देख कर दांतो तले उंगली दबा रहे है।
पिता पुत्र गायब है , गायब पुलिस की निगाह में है। वैसे दोनों ऋषिकेश व देहरादून के ही चक्कर लगा रहे हैं। तथा न्यायालय से अपनी जमानत कराने के लिए वकीलों की फौज से सम्पर्क कर रहे हैं।
न्यायालय पर लगी है सबकी निगाहें, विद्वान न्यायाधीश के फैसले की है प्रतीक्षा।
फिलहाल इस प्रकरण में 18 मई कल की तारीख ऋषिकेश में माननीय न्यायधीश महोदय की कोर्ट में लगी हुई है। समाचार लिखे जाने तक न्यायालय में इस प्रकरण की चार्ज सीट जांच अधिकारी ने दाखिल नहीं की है।
अब न्यायाधीश महोदय पर ही डिपेंड करेगा कि वह इस हाई प्रोफाइल केस के आरोपियों को जमानत पर रिहा करते हैं या अगली डेट देते है। फिर भी पुलिस इनको पूरा मौका देगी और दे रही है ,की भाई जमानत करा लो तभी कोतवाली में दर्शन देना मिठाई के डब्बे केसाथ, पुलिस तो इन दोनों की प्रतीक्षा में थाने में बैठी आराम फरमा रही है। क्योंकि पुलिस के पास और भी तो बहुत सारे काम है ।एक यही केस नहीं है ।

शहर ऋषि केश की जनता इस प्रकरण में काफी दिलचस्पी दिखा रही है।
अब देखना यह है कि यह हाई प्रोफाइल प्रकरण क्या करवट लेता है ।लेकिन इस प्रकरण को लेकर ऋषिकेश के राजनीतिक गलियारों में व उद्योगपतियों में तरह-तरह की चर्चाएं हैं जिसमें कुछ लोग इस प्रकरण को रजामंदी का मामला बता रहे हैं तो कुछ लोग ऐसे है जो पिता पुत्र पर ऐसे ऐसे आरोप लगा रहे हैं कि उनका लिखा जाना यहां उचित नहीं है ।
मंजीत जौहर से उनका पक्ष जानने के लिए जब उनको दो बार फोन किया गया तो उन्होंने फोन नही उठाया।यदि मनजीत जौहर से बात हो भी जाती तो वे इन आरोपों की सत्यता से इंकार ही करते,
ऋषिकेश की जनता को इस केस के परिणाम की प्रतीक्षा है लेकिन इतना तो लोग समझ ही चुके हैं की पुलिस इन पर हाथ क्यों नहीं डाल रही है। इसके पीछे कोई ना कोई कारण तो अवश्य है अन्यथा जब पुलिस ने कुशाग्र जैसी छोटी मछली की गर्दन रिपोर्ट दर्ज होने के तुरंत बाद ही दबोच ली थी तो इन दोनों पिता पुत्र को पकड़ने में पुलिस को कोई दिक्कत आनी नहीं चाहिए थी ।लेकिन पिता पुत्र को पुलिस शायद पकड़ना ही नहीं चाहती है ।इन दोनों को न्यायालय से जमानत करा लेने का पूरा मौका दिया जा रहा है।
फर्क छोटे बड़े का छोटा, चोर, बड़ा सफेदपोश समाज सेवी।उत्तराखंड की मित्र पुलिस का मित्रता निभाने में कोई शानी नही।सफेदपोश लोगों की सेवा के लिए ही तो है मित्र पुलिस,

यही प्रकरण अगर किसी सामान्य से आदमी का हुआ होता तो अब तक उसके घर की पुलिस कुर्की और जाने क्या-क्या उसके परिवार को उठा लेना और तरह-तरह से प्रताड़ित करना करती, जिससे कि वह आरोपी खुदही पुलिस के शरणागत हो जाता ।
लेकिन यह मामला हाई प्रोफाइल है उद्योगपति का है ,पैसे वाले का है तो फिर पुलिस तो आप जानते हैं ना हमारे उत्तराखंड की पुलिस है, और खासकर उत्तराखंड की मित्र पुलिस मित्रता तो निभाती ही है ।लोग कहते हैं मानव जौहर की मित्रता तो यहां पुलिस वालों से जग जाहिर है ।अब वह मित्रता तो निभाई ही जाएगी और निभाई जा रही है।
देहरादून के एस एस पी का ब्यान पुलिस आरोपियों को पकड़ने का कर रही है हर सम्भव प्रयास।
एसएसपी परमेंद्र डोबाल के अनुसार पुलिस हर संभव प्रयास कर रही है आरोपियों को गिरफ्तार कर उनसे पूछताछ करने का कई जगह पुलिस पार्टी ने दबिश भी दी है। लेकिन आरोपी अभी पुलिस की गिरफ्त
में नहीं आ पाए हैं।
